Home News तलाक (Divorce): कैसे पति-पत्‍नी में होता है संपत्ति का बंटवारा, जानिए यहां...

Contents

तलाक (Divorce): कैसे पति-पत्‍नी में होता है संपत्ति का बंटवारा, जानिए यहां पर

तलाक की प्रक्रिया मूल रूप से तलाक की याचिका दायर करने के साथ शुरू होती है। भारत में तलाक की पूरी प्रक्रिया तब शुरू होती है जब उक्त याचिका में से किसी एक पक्ष द्वारा तलाक की मांग की जाती है और फिर उसकी स्वीकृति के लिए दूसरे पक्ष को सेवा दी जाती है।

तलाक (Divorce) शब्‍द पढ़ने-बोलने और सुनने में भले ही न अच्‍छा लगता हो पर आज के फास्‍ट फॉरवर्ड लाइफ में यह एक बहुत ही आम शब्‍द बन गया है। बड़े-बड़े अमीर लोगों खासकर सेलिब्रिटी के बीच तो तलाक लेना तो जैसे फैशन हो गया है। तो वहीं आजकल आम लोग Divorce का सहारा ले रहे हैं। तो आइए आज आपको तलाक के दौरान होने वाली संपत्ति के बंटवारे के बारे में बताएंगे।

आपको बता दें कि जो भी दंपत्ति तलाक लेना चाहते हैं उन्‍हें कानूनी प्रक्रिया पूरी कर लेने के बाद अलग होने का अधिकार मिल जाता है। यह प्रक्रिया पूरी होने के बाद महिला को कानूनी रुप से गुजारा भत्‍ता मिलेगा और उसे संपत्ति का हिस्‍सा भी मिलता है।

35 लाख रुपए जीतने का मिल रहा सुनहरा मौका, बस करना होगा यह काम

तलाक की प्रक्रिया (Divorce Procedure)

कानून में, एक तलाक की प्रक्रिया मूल रूप से तलाक की याचिका दायर करने के साथ शुरू होती है। भारत में तलाक की पूरी प्रक्रिया तब शुरू होती है जब उक्त याचिका में से किसी एक पक्ष द्वारा तलाक की मांग की जाती है और फिर उसकी स्वीकृति के लिए दूसरे पक्ष को सेवा दी जाती है।

पोस्‍टल लाइफ इंश्‍योरेंस (PLI) क्‍या है इसके कौन-कौन से प्‍लान हैं?

तलाक के प्रकार (Categories Of Divorce)

भारतीय तलाक प्रक्रिया को मुख्‍य तौर पर दो अलग-अलग श्रेणियों में वर्गीकृत किया जा सकता है:

  • आपसी सहमति से तलाक (Divorce By Mutual Consent)
  • कंटेस्‍टेड तलाक (Contested Divorce)

भारत में तलाक कानून (Divorce Law In India)

हमारा देश, विवाह और विवाह विच्छेद ज्यादातर व्यक्तिगत मामलों के अंतर्गत आते हैं और विवाह और तलाक से संबंधित कानूनों को ज्यादातर विभिन्न धर्मों के रीति-रिवाजों और अधिकारों के आधार पर तैयार किया गया है। इसलिए, विशिष्ट धर्म से संबंधित लोगों खातिर तलाक की प्रक्रिया के लिए विशिष्ट कानून हैं।

PM किसान सम्‍मान निधि योजना लिस्‍ट, स्‍टेटेस और रजिस्‍ट्रेशन की ऑनलाइन प्रक्रिया

  • हिंदू, बौद्ध, सिख और जैन हिंदू विवाह अधिनियम, 1955 द्वारा शासित हैं।
  • मुस्लिम विघटन अधिनियम, 1939 के द्वारा तलाक की प्रक्रिया होती है।
  • पारसी विवाह और तलाक अधिनियम, 1936 द्वारा शासित हैं।
  • ईसाई भारतीय तलाक अधिनियम, 1869 द्वारा शासित हैं।
  • विशेष विवाह अधिनियम, 1956 सभी अंतर-समुदाय और नागरिक विवाह को नियंत्रित करने के लिए जाना जाता है।

तलाक के लिए जरुरी दस्‍तावेज (Important Documents For Divorce)

  1. आयकर विवरण
  2. मैरिज सर्टिफिकेट
  3. जीवनसाथी का विवरण प्रमाण
  4. उनके व्‍यवसायों का विवरण
  5. संपत्ति का स्‍वामित्‍व

15 जनवरी से इन राज्‍यों में लागू हो जाएगा ‘वन नेशन वन राशन कार्ड’

यहां पर आपको तलाक लेने से लेकर संपत्ति के बंटवारे के बारे में स्‍टेप वाय स्‍टेप जानकारी देंगे:

  • आपको बता दें कि हिंदु मैरिज एक्ट के अनुसार, जब तक तलाक की प्रक्रिया पूरी नहीं होती, पति द्वारा पत्नी को गुजारा भत्ता देना होगा।
  • तो वहीं तलाक की प्रक्रिया पूरी होने के बाद पति को एकमुश्त राशि देनी होगी। पत्नी चाहे तो हर महीने, तीन महीने या सालाना भी यह राशि ले सकती है।
  • इसके अलावा पत्नी के नाम से जितनी संपत्ति होगी, उस पर उसका एकल अधिकार होता है। ज्‍वेलरी भी उसी के खाने में आएगी। अगर उसे गिफ्ट में कैश मिला होगा, तो उस पर भी पत्नी का अधिकार होगा।
  • हिस्‍सेदारी की संपत्ति में उसे बराबर हिस्सा मिलेगा। महिला के पास अपने हिस्से की संपत्ति बेचने का भी अधिकार है।
  • जब तलाक के मामले में कोर्ट फैसला करती है तो पति की पूरी संपत्ति में पत्नी का हक एक तिहाई से पांचवां हिस्सा होता है। पति की मासिक सैलरी में पत्नी की गुजारे के लिए 25 प्रतिशत से अधिक भाग नहीं मिल सकता है।
  • नौकरी छूट जाने के मामले में किस्‍त में देरी हो सकती है। पति की मौत किस्‍त भी बंद हो जाएगी। पत्नी द्वारा एकमुस्त राशि पर टैक्स नहीं चुकाना होता है।
  • तो वहीं यदि दोनों की कोई संतान है तो पति और पत्नी, दोनों को ही अपनी कमाई से बच्चे के लिए अलग से पैसे देना पड़ता है।
  • पुरुष का हक है कि पत्नी के माता-पिता की तरफ से मिले उपहार पर सिर्फ पति का ही अधिकार होता है।
  • अगर पुरुष ने पत्नी के नाम पर चल या अचल संपत्ति ली है, लेकिन उसे गिफ्ट नहीं किया है तो उस पर पति का हक होगा।
  • साथ ही महिला अगर कमा रही हो तो वह घर खर्च में लगाई हुई राशि को वापस नहीं मांग सकती है।

इस साल 6 लाख टन कम पैदा होगी प्‍याज, ये है वजह

ट्रिपल तलाक पर सरकार का नया नियम 2019

सुप्रीम कोर्ट द्वारा दिए गए ऐतिहासिक फैसले में ट्रिपल तलाक की पौराणिक प्रथा को असंवैधानिक करार करते हुए कोर्ट ने यह कहा था कि ट्रिपल तलाक मुस्लिम महिलाओं के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन करता है क्योंकि यह पुनर्वास की किसी भी आशा के बिना शादी को समाप्त कर देता है। ।

ट्रिपल तालाक मुस्लिम समुदाय के कुछ संप्रदायों द्वारा तलाक का मौखिक रूप है जो तुरंत तीन बार ‘तलाक’ कहकर अपनी पत्नियों को तलाक देता है। आपको बता दें कि अब भारत में मुसलमानों के बीच विवाह और तलाक के कानूनों को नियंत्रित करने के लिए नए बिल द्वारा कानून बनाने की जिम्‍मेदारी केंद्र सरकार की है।

लेटेस्ट खबरे पढ़ने के लिए आप हमारे चैनल को फॉलो, लाइक और सब्सक्राइब करें

Facebook: 360 Samachar

Twitter: 360 Samachar

Instagram: 360 Samachar

ये भी पढ़ें:

सुकन्‍या समृद्धि योजना (Sukanya Samriddhi Yojana) को लेकर सरकार ने किए बदलाव, जानिए क्‍या?

दबंग 3 रीव्‍यू (Dabangg 3 Review): एक्‍शन और कॉमेडी से भरपूर है फिल्‍म

फास्टैग क्या है? कैसे खरीदें और कैसे रिचार्ज करे? जानने के लिए पढ़ें ये आर्टिकल

Pratima Patel
नमस्कार दोस्तों मेरा नाम संदीप सिंह है, मैं एक प्रोफेशनल ब्लॉगर + कंटेंट राइटर + वेबसाइट डिजाइनर हूँ। ब्लॉग्गिंग मेरा फुल टाइम वर्क है, यदि आपको किसी तरह की कोई हेल्प चाहिए हो तो मुझे मेरी मेल Id- iamtechindia786@gmail.com पे संपर्क कर सकते हैं और मुझसे जितना हो सकेगा पूरी हेल्प करूँगा।

1 COMMENT

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

एशिया का सबसे बड़ा सोलर प्‍लांट भारत के रीवा शहर में, जानें इसकी खास बातें

एशिया का सबसे बड़ा सोलर प्‍लांट: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में भारत के सबसे बड़े सोलर प्‍लांट का उद्घाटन किया है जो...

किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) कैसे बनवाएं?

किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) भारत सरकार की एक खास योजना है, जिसका उद्देश्य किसानों को असंगठित क्षेत्र में आमतौर पर मनी लेंडर्स द्वारा लगाए...

वन नेशन, वन राशन कार्ड योजना के बारे में पूरी जानकारी

वन नेशन, वन राशन कार्ड योजना: वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण ने गुरुवार 14 मई 2020 को मार्च 2021 तक सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों...

आत्‍मनिर्भर भारत अभियान (Atmanirbhar Bharat Abhiyan): 20 लाख करोड़ का पैकेज किस तरह से बटेगा जानिए यहां

आत्‍मनिर्भर भारत अभियान (Atmanirbhar Bharat Abhiyan): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्र के लिए अपने पांचवें संबोधन में 'आत्‍मनिर्भर भारत अभियान' (Atmanirbhar Bharat Abhiyan) के...

Recent Comments